स्वर योग से मनचाही संतान उत्पन्न करना

साधारणत: स्त्री के रजस्वला होने के चौथे दिन से लेकर सोलहवें दिन तक गर्भाधान स्वर योग से मनचाही संतान के लिए उत्तम समझा जाता है। इसमें उत्तरोत्तर दिन ठीक हैं। प्रथम तीन रातें, अष्टम, एकादशी, त्रयोदशी, अमावस्या और…

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Understanding of Dharma | धर्म के अर्थ

धर्म, दर्शन और विज्ञान ( Dharma, Darshan and Vigyan ) परस्पर सम्बद्ध तो हैं ही। अपितु किसी न किसी रूप में एक दूसरे के पूरक भी हैं। यह कहना भी ठीक है, कि इन द्रष्टियो के मार्ग भिन्न-भिन्न…

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Asana Bandhas and Mudra | आसन बन्ध मुद्रा

योग के आठों अंगों का अपना विशिष्ट महत्त्व है, और वे साधक को अपने से अगले अंग के सुयोग्य बनाते हैं। यम और नियम तो भूमिकात्मक अंग हैं, किन्तु शेष छ: अंग तो योग से प्रत्यक्ष और अविभिन्‍न…

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Dharna Dhyana Samadhi | धारणा ध्यान समाधि

आसनों से रोग नष्ट होते हैं, तथा शारीरिक सामर्थ्य उत्पन्न होती है। प्राणायाम से समस्त पाप नष्ट होते हैं। शरीर का शोधन होता है। प्रत्याहार से मन के विकार नष्ट होते एवं पात्रता उत्पन्न होती है। धारणा (dharna)…

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Pranayama complete steps | प्राणायाम

योग में सभी के लिए प्राणायाम ( Pranayama ) ही सबसे अधिक कौतुहल का विषय होता है, और हो भी क्यों न सभी योगिक क्रियाओ में इसका एक विशेष स्थान है। प्राणायाम के नित्य अभ्यास को पाप रूपी…

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Yoga complete 101 | योग संपूर्ण विवरण

योग ( yoga ) क्‍या है ? मन की वृत्तियों पर काबू पाना ही योग है। योग केवल आसन ही नहीं, आहार, व्यव्हार, अचार विचार के तालमेल से जीवन को सुन्दर बनाने का नाम ही योग है। वर्तमान…

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kundalini door to unlock body secrets

यदि मूल रूप में देखा जाये तो कुण्डलिनी (kundalini ) ही समस्त अध्यात्म, तंत्र, मंत्र, यंत्र, योग और धर्म का केंद्र बिंदु है। हमारे शरीर का वह द्वार है, जहा से प्रवेश करने के उपरांत ही हमारे आध्यात्मिक…

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Chamatkarik Shri Yantra | श्री यंत्र

श्री यंत्र ( Shri Yantra ) में सभी देवताओं की दिव्य अभिव्यक्ति और चमत्कारिक शक्ति समाहित होती है। इसे ब्रह्मांड के निर्माता भगवान ब्रह्मा द्वारा धरती पर लाया हुआ बताया जाता है। इसी तरह यह सभी देवी-देवताओं के दिव्य…

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Magic of Yantra | यंत्र का जादू

जिस प्रकार कोई विधुत परिपथ का नक़्शा ( सर्किट ) उसके प्रमुख अवयव एवं उससे जुड़े अन्य अवयवों की स्थिति और संबंध दर्शाता है। उसी प्रकार यंत्र ( Yantra ) भी जिस शक्ति को आह्वाहन करना चाहते है,…

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Anahata chakra Reveal | अनाहत चक्र का भेद

हमारे शरीर में अनाहत चक्र (Anahata chakra ) 7 चक्रों में से सबसे प्रभावशाली ऊर्जा केंद्र होता होता है। शुद्ध प्रेम के माध्यम से देवत्व की खोज इस चौथे चक्र को प्रेरित करती है। स्वतंत्र रूप से प्राप्त करने…

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